Ram Navami 2026: रामचरितमानस की 10 दिव्य चौपाइयां भेजें
राम नवमी 2026 के अवसर पर अपने प्रियजनों को भेजें रामचरितमानस की ये 10 पावन चौपाइयां। जानें इनका अर्थ और प्रभु श्री राम की महिमा।
हिंदू धर्म में नवरात्रि का समापन चैत्र मास की नवमी तिथि के साथ होता है, जिसे पूरे भारत में राम नवमी के रूप में बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। त्रेतायुग में इसी पावन दिन मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम का जन्म हुआ था। 2026 में भी इस पर्व को लेकर भक्तों में भारी उत्साह है।
राम नवमी पर अपनों को भेजें ये दिव्य चौपाइयां
इस शुभ अवसर पर यदि आप अपने परिजनों और मित्रों को कुछ विशेष संदेश भेजना चाहते हैं, तो गोस्वामी तुलसीदास कृत रामचरितमानस की इन चौपाइयों से बेहतर कुछ नहीं हो सकता। आइए देखते हैं 10 ऐसी चौपाइयां जिन्हें आप शुभकामना संदेश के रूप में साझा कर सकते हैं:
- भए प्रगट कृपाला दीनदयाला, कौसल्या हितकारी। - भगवान के जन्म की सबसे प्रसिद्ध चौपाई।
- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रबहु सुदसरथ अजिर बिहारी॥ - सुख और कल्याण की कामना हेतु।
- दीन दयाल बिरिदु संभारी। हरहु नाथ मम संकट भारी॥ - प्रभु से संकट हरने की विनती।
- राम नाम मनिदीप धरु जीह देहरीं द्वार। - राम नाम की महिमा का प्रतीक।
- जे सकाम नर सुनहिं जे गावहिं। सुख संपत्ति नाना बिधि पावहिं॥ - सुख-संपत्ति की प्राप्ति के लिए।
- सिया राम मय सब जग जानी। करहुँ प्रनाम जोरि जुग पानी॥ - संपूर्ण सृष्टि में ईश्वर को देखने का संदेश।
- कौतुक लागि भवन अवतारा। प्रभु जन रंजन भंजन भारा॥ - अवतार के उद्देश्य का वर्णन।
- बिस्व भरण पोषन कर जोई। ताकर नाम भरत अस होई॥ - राम परिवार की दिव्य शक्ति।
- राम चरित मानस एहि नामा। सुनत श्रवन पाइअ बिश्रामा॥ - मानसिक शांति के लिए।
- नाम पाहरु दिवस निसि ध्यान तुम्हार कपाट। - भक्ति की पराकाष्ठा का संदेश।
इन चौपाइयों के माध्यम से आप न केवल राम जन्मोत्सव की बधाई दे सकते हैं, बल्कि सनातन संस्कृति और रामायण के दिव्य ज्ञान का प्रसार भी कर सकते हैं। जय श्री राम!









