झारखंड: बालू में मिला 225 किलो का अमेरिकी बम, सेना करेगी डिफ्यूज
झारखंड के लातेहार में बालू खुदाई के दौरान मिला 225 किलो का अमेरिकी बम. इसकी भयावहता कोडिंग से जाहिर, सेना ही करेगी डिफ्यूज. बड़ा हादसा टला.
झारखंड के लातेहार जिले में बालू खनन के दौरान एक बड़ी अनहोनी होते-होते बची। चामा-पतरासी नदी के किनारे बालू खोद रहे मजदूरों को अचानक एक विशालकाय धातु की वस्तु मिली, जो देखते ही देखते दहशत में बदल गई। यह कोई साधारण चीज़ नहीं, बल्कि 225 किलो का एक अमेरिकी बम निकला, जिसकी चपेट में आने से बड़ी तबाही मच सकती थी।
यह घटना लातेहार के बालूमाथ थाना क्षेत्र की है। बरामद किया गया यह 'अनएक्सप्लोडेड ऑर्डनेंस' (UXO) इतना खतरनाक है कि इस पर स्पष्ट रूप से कुछ कोडिंग अंकित है, जिससे इसकी भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता है। स्थानीय प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए पूरे इलाके को सील कर दिया और बम निरोधक दस्ते को इसकी सूचना दी। प्रारंभिक जांच के बाद यह स्पष्ट हुआ कि बम को डिफ्यूज करने का काम सेना ही करेगी, क्योंकि इसकी जटिलता और क्षमता को देखते हुए सामान्य बम निरोधक दस्ते के लिए यह संभव नहीं है।
यदि यह बम फट जाता, तो चामा-पतरासी नदी किनारे का पूरा इलाका इसकी चपेट में आ जाता। आस-पास के गांव और वहां रहने वाले लोगों के लिए यह एक भीषण त्रासदी साबित हो सकती थी। समय रहते इसकी पहचान हो जाने और प्रशासन की मुस्तैदी से एक बड़ा खतरा टल गया है। सेना के पहुंचने तक बम को पूरी तरह सुरक्षित रखा गया है और आगे की कार्रवाई जल्द ही शुरू की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर पुराने युद्ध अवशेषों की मौजूदगी और उनसे होने वाले संभावित खतरों पर सोचने को मजबूर कर दिया है।









