अहमदाबाद एयर इंडिया हादसा जानबूझकर किया गया: पायलट पर शक
अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया हादसे की जांच रिपोर्ट में बड़ा खुलासा। तकनीकी खराबी खारिज, जांचकर्ता पायलट द्वारा जानबूझकर फ्यूल स्विच बंद करने की आशंका जता रहे हैं। DGCA की अंतिम रिपोर्ट जल्द।
अहमदाबाद। देश के विमानन इतिहास से जुड़ी एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया के विमान हादसे की आंतरिक जांच रिपोर्ट में अब तक की सबसे बड़ी आशंका जताई गई है। जांचकर्ताओं ने तकनीकी या यांत्रिक खराबी की थ्योरी को पूरी तरह खारिज कर दिया है।
खुलासा: तकनीकी खराबी नहीं, जानबूझकर बंद किया गया फ्यूल
यह मामला उस समय का है जब एयर इंडिया का विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। शुरुआती जांच में इंजन फेलियर को कारण माना जा रहा था, लेकिन गहराई से की गई जांच ने इस संभावना को नकार दिया है। जांच रिपोर्ट में साफ तौर पर कहा गया है कि विमान के फ्यूल सप्लाई स्विच (ईंधन आपूर्ति नियंत्रक) को कॉकपिट से जानबूझकर बंद किया गया था। यह एक बेहद गंभीर और दुर्लभ घटना है।
जांच रिपोर्ट में पायलट की भूमिका पर संदेह
जांच टीम से जुड़े सूत्रों के अनुसार, ऐसे संकेत मिले हैं कि यह कार्य पायलट की तरफ से किया गया हो सकता है। किसी भी विमान को दुर्घटनाग्रस्त करने या उसे आपात स्थिति में डालने के लिए फ्यूल स्विच ऑफ करना सबसे आसान तरीका होता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि जांच के दौरान फ्यूल सप्लाई वाल्व बंद पाया गया, जबकि तकनीकी रूप से इंजन फेलियर के मामले में यह खुला रहना चाहिए था।
हालांकि, जांच दल ने अभी तक किसी भी व्यक्ति पर सीधे आरोप नहीं लगाया है, लेकिन यह स्पष्ट कर दिया है कि दुर्घटना का कारण 'तकनीकी' नहीं, बल्कि 'मानवीय हस्तक्षेप' था। इस खुलासे के बाद अब पायलट और सह-पायलट के पिछली रिकॉर्ड और मानसिक स्वास्थ्य की जांच की जा रही है।
DGCA की अंतिम रिपोर्ट का इंतजार
यह जांच रिपोर्ट अभी प्रारंभिक है और इसे सार्वजनिक नहीं किया गया है। नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) अब इस मामले की अंतिम और निर्णायक जांच कर रहा है। एविएशन एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर यह बात सिद्ध हो जाती है कि पायलट ने जानबूझकर ऐसा किया था, तो यह भारतीय विमानन सुरक्षा के इतिहास में एक काला अध्याय होगा। DGCA की अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही इस पूरे मामले की सच्चाई सामने आ पाएगी और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होगी।









