ट्रंप का दावा: अंबानी अमेरिका में बनाएंगे $300B की रिफाइनरी
डोनाल्ड ट्रंप के दावे के बाद रिलायंस के शेयरों में उछाल। अमेरिका के ब्राउन्सविले में 300 अरब डॉलर की रिफाइनरी बनाने की खबर से बाजार में हलचल।
दुनिया भर में जारी ऊर्जा संकट के बीच अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक चौंकाने वाले बयान ने भारतीय शेयर बाजार में हलचल पैदा कर दी है। ट्रंप ने दावा किया है कि मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज अमेरिका में 300 अरब डॉलर (लगभग 25 लाख करोड़ रुपये) के निवेश से एक विशाल ऑयल रिफाइनरी बनाने जा रही है।
शेयर बाजार में रिलायंस का दबदबा
इस खबर के आते ही शुरुआती कारोबार में रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में 1.69 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। जहां एक ओर सेंसेक्स 255 अंक गिरकर 77950 पर और निफ्टी 67 अंक नीचे 24194 पर ट्रेड कर रहा था, वहीं रिलायंस सेंसेक्स का टॉप गेनर बनकर उभरा। कंपनी के शेयर 1432 रुपये के आसपास कारोबार कर रहे थे।
क्या है ट्रंप का बड़ा दावा?
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि रिलायंस इंडस्ट्रीज पिछले 50 वर्षों में अमेरिका की पहली नई ऑयल रिफाइनरी स्थापित करेगी। यह परियोजना टेक्सास के पोर्ट ऑफ ब्राउन्सविले पर विकसित की जाएगी। ट्रंप के अनुसार, इस रिफाइनरी का संचालन 'अमेरिका फर्स्ट रिफाइनिंग' कंपनी के माध्यम से होगा।
ऐतिहासिक निवेश और रोजगार
ट्रंप ने इसे अमेरिकी इतिहास का सबसे बड़ा सौदा करार दिया है। उन्होंने कहा कि यह दुनिया की सबसे स्वच्छ रिफाइनरी होगी जो न केवल अमेरिकी ऊर्जा उत्पादन को बढ़ाएगी, बल्कि हजारों नए रोजगार भी पैदा करेगी। हालांकि, रिलायंस इंडस्ट्रीज की ओर से इस निवेश की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
राजनीतिक और आर्थिक महत्व
ट्रंप ने इस संभावित सौदे का श्रेय अपनी 'अमेरिका फर्स्ट' नीतियों और करों में कटौती को दिया है। उन्होंने भारत और रिलायंस का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी नीतियों के कारण ही इतना बड़ा विदेशी निवेश अमेरिका में आ रहा है।
डिस्क्लेमर: शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।









